"तुम्हारा यूँ ज़ुल्फ़ों का बांधना ही तूफानों का कारण है.."
एक बस यात्रा जिसने दो अजनबियों को जोड़ दिया, पर किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। जब चीखों के बीच हाथ से सिक्का छूटा, तो उसके बाद क्या हुआ ?
• दिल थामकर पढ़िए लेखक शिवम् धुरिया की कलम सेः
अनजाना सफ़र ।