आई पी एस ओजस्विनी - 2

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भाग 2: बिहार के बक्सर और भोजपुर की उस बंजर और तपती धूप वाली जमीन पर, जहाँ कभी ढोंगी बाबा सर्वानंद ने अपने पाखंड की पहली ईंट रखी थी, आज हवा का रुख पूरी तरह बदल चुका था। पंद्रह साल पहले जो अकबरपुर गांव एक साधारण और गरीब बस्ती हुआ करता था, आज वह किसी वीवीआईपी छावनी में तब्दील हो चुका था। सड़कों पर लाल-नीली बत्तियां चमचमा रही थीं, पुलिस के भारी वाहन हर नुक्कड़ पर तैनात थे और खाकी वर्दी में मुस्तैद सिपाही हर आने-जाने वाले पर अपनी पैनी निगाह रखे हुए थे।लेकिन इस पूरी सुरक्षा व्यवस्था के बीच, एक