जैन धर्म एक व्यापक अध्ययन

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जैन धर्म : एक व्यापक अध्ययनअध्याय–1 : जैन धर्म का परिचय एवं ऐतिहासिक पृष्ठभूमिभूमिकामानव सभ्यता के इतिहास में अनेक धार्मिक और दार्शनिक परंपराओं ने जन्म लिया। इन परंपराओं का उद्देश्य केवल ईश्वर की उपासना का मार्ग बताना नहीं था, बल्कि मनुष्य को ऐसा जीवन जीना सिखाना भी था जिससे वह स्वयं, समाज और समस्त जीव-जगत के प्रति उत्तरदायी बन सके। भारत की प्राचीन आध्यात्मिक परंपराओं में जैन धर्म का स्थान अत्यंत विशिष्ट है। यह धर्म अहिंसा, सत्य, आत्मसंयम, करुणा और आत्मशुद्धि पर आधारित जीवन-दर्शन प्रस्तुत करता है। इसकी सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यह मनुष्य को अपने कर्मों के