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    अध्याय 9 : खिड़की से कूदी बहन"आराध्या मैडम खिड़की से कूद गई!"नौकर की चीख सुनते ह...

  • CRAVE - Part - 13

    दृश्य वहीं से शुरू होता है...मालिक जैसे ही उस विशाल भवन के अंदर गया, उसने चारों...

  • Mafia’s possession chapter 10

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  • तुम मिले, जब मैं खुद से बिछड़ गई - 20

    सुबह से ही Aashi का मन बेचैन था।कॉलेज की creative writing competition का परिणाम...

  • Perfectly Imperfect - Part 2

    चलो, अब दोस्ती की ओर बढ़ते हैं। ये लिखते हुए मुझे और भी अफ़सोस है, लेकिन इस दोस्...

  • Mr. Ms. Fake - एपिसोड 51

    एपिसोड 51: बेटा... मैं तुम्हारा इंतज़ार कर रहा थास्क्रीन काली हो चुकी थी।लेकिन उ...

  • प्रेरणास्पंदन 2 - 6-7

    अध्याय:06अधूरा कैनवास और सुनहरी सीख शहर की सबसे बड़ी आर्ट गैलरी 'नक्श' म...

  • अध्याय 15 — वजह

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  • अधूरी किताब - सीजन 2 - एपिसोड 74

    अधूरी किताबएपिसोड 74— हवेली में इंतज़ार करती माँहवेली की सबसे ऊपरी खिड़की में खड...

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    समय अपनी रफ्तार से आगे बढ़ता गया। देखते ही देखते कुछ साल बीत गए। अग्निहोत्री हाउ...

अंधेरे की अंजली By Vrunda Amit Dave

हवा बहती थी और ब्रिटिश साम्राज्य की छाया गहराती जा रही थी। उन्हीं गलियों के एक कोने में जन्मी थी अंजलि शास्त्री – एक नेत्रहीन बच्ची। आँखों से दुनिया कभी देखी नहीं, लेकिन उसकी आत्मा...

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नेपोलियन बोनापार्ट By Anarchy Short Story

शाल ओढ़े एक नवयुवती अंधेरे में टेण्ट के भीतर बैठी अपने शिशु को स्तनपान करा रही है। उसकी उजली छाती का आधा भाग शाल से ढका हुआ है तथा वह दूर से आती शेर की दहाड़ और पेड़-पौधों व पत्तों...

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श्री बप्पा रावल By The Bappa Rawal

बप्पा रावल जिसे कालभोज के नाम से भी जाना जाता है।8वीं शताब्दी में मेवाड़ (वर्तमान राजस्थान) के एक पराक्रमी शासक थे। उन्हें गुहिल राजवंश का संस्थापक माना जाता है और उन्हें भारत पर अ...

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गगन--तुम ही तुम हो मेरे जीवन में By Kishanlal Sharma

Your life partner will be beautiful
But not easy to live with her
ऐसा नही है कि हरेक के साथ इत्तफाक हो।पर किसी के साथ हो भी सकता है।
कहानी तो शुरू से ही कहनी पड़ेगी।
सनातन में य...

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महाराजा रणजीत सिंह By Sudhir Sisaudiya

आदिकाल से ही भारत देश में, जीवन के हर क्षेत्र में, असाधारण व्यक्तियों का प्रादुर्भाव होता रहा है। हमारा इतिहास ऐसे महान लोगों के नामों से भरा पड़ा है; जिनकी कला, साहित्य, राजनीति,...

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यादों की अशर्फियाँ By Urvi Vaghela

में अकसर सोचती थी की अगर हम कोई अच्छा काम करे तो हमारे माता पिता एवम् परिवार वालो की कीर्ति तो बढ़ेंगी ही पर उन शिक्षको और दोस्तो का क्या जिसने भी हमारी सफलता में अमूल्य योगदान दिय...

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प्रफुल्ल कथा By Prafulla Kumar Tripathi

मेरा जन्म गोरखपुर से लगभग 20 कि.मी.दूर खजनी के एक गाँव विश्वनाथपुर में को हुआ था | यह गाँव सरयूपारीण ब्राम्हणों के सुप्रसिध्ध गाँव सराय तिवारी का ही एक हिस्सा था | मेरे गाँव से लगभ...

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असमर्थों का बल समर्थ रामदास By ՏᎪᎠᎻᎪᏙᏆ ՏOΝᎪᎡᏦᎪᎡ ⸙

युगों-युगों से पृथ्वी पर महापुरुषों का आगमन होता आया है। उनके द्वारा ज्ञान, ध्यान, निःस्वार्थ प्रेम और भक्ति से वर्तमान समाज की पात्रता बढ़ाने का कार्य निरंतरता से चलते आया है। समाज...

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महावीर लचित बड़फूकन By Mohan Dhama

अपने महापुरुषों का स्मरण भारत में एक श्रेष्ठ परम्परा रही है। कथा-कहानियों से लगाकर पुस्तकों तक उनके कर्तृत्व और आदर्श जीवन का सजीव चित्रण किया गया है। यदा-कदा पर्वों के माध्यम से भ...

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श्री हनुमान प्रसाद पोद्दार (श्रीभाईजी) By Shrishti Kelkar

दिव्य जीवन की एक झलक
हमारा सौभाग्य है कि हमारी वसुन्धरा कभी संतों से विरहित नहीं रही। संतों की चेष्टायें साधन काल में भी एवं सिद्धावस्था में भी विभिन्न प्रकार की होती हैं पर होती...

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