Best Short Stories Books Free And Download PDF

Stories and books have been a fundamental part of human culture since the dawn of civilization, acting as a powerful tool for communication, education, and entertainment. Whether told around a campfire, written in ancient texts, or shared through modern media, Short Stories in All books and stories have the unique ability to transcend time and space, connecting people across generations and cultur...Read More


Languages
Categories
Featured Books
  • പണിക്കരു സാറും ചൂരലും പിന്നെ ഞാനും

    പണിക്കരു സാറും ചൂരലും പിന്നെ ഞാനുംഅഞ്ചാം ക്ലാസ്സിൽ ചേരുന്നത് ഒരു പുതിയ സ്കൂളിലാണ...

  • મારો માધવ

    મારા માધવ એટલે ભગવાન શ્રીકૃષ્ણ.મારા માટે માધવ માત્ર એક ભગવાનનું નામ નથી, પરંતુ જ...

  • जल-समाधि

    ‘‘ओय अम्मा...ओय काकी...ओय दीदी...ओय मामी...! जरा घूंघट तो उठाओ!! कैमरे में आपलोग...

શક - સંબંધને અંદરથી ખોખલો કરતી ઉધઈ By Anuradha

શક — સંબંધને અંદરથી ખોખલો કરતી ઉધઈશક પણ એક ઉધઈ જેવો હોય છે…દેખાતો નથી, અવાજ કરતો નથી,પણ ધીમે ધીમે સંબંધને અંદરથી ખાઈ જાય છે.ક્યારેક જીવનમાં એવી વ્યક્તિ મળે છે, જે આપણને માત્ર પ્રેમ...

Read Free

અંતહીન શાંતિની શોધ: રાજકુમારી અને યોગેશ્વરનો સંવાદ By Sicret super Star

પ્રકરણ ૧: નવી શાંતિ અને નવો સંશયમહારાજ વિક્રમસેનની પુત્રી, રાજકુમારી દેવાંશીના જીવનમાં લાંબા સમય પછી એક એવી સવાર આવી હતી જે ચિંતામુક્ત હતી. તેના જીવનના વમળો, રાજકીય કટોકટીઓ અને અંગ...

Read Free

പണിക്കരു സാറും ചൂരലും പിന്നെ ഞാനും By aNil Madhavan

പണിക്കരു സാറും ചൂരലും പിന്നെ ഞാനുംഅഞ്ചാം ക്ലാസ്സിൽ ചേരുന്നത് ഒരു പുതിയ സ്കൂളിലാണ്. പുതിയ സ്കൂൾ പുതിയ കൂട്ടുകാർ.  അച്ഛന്റെ കുടുംബം വക ആയിരുന്നു ആ സ്‌കൂളിരിക്കുന്ന സ്ഥലവും അതിനോട് ചേ...

Read Free

ભાઈબંધ By ચિરાગ રાણપરીયા

શહેરના એક નાનકડા વિસ્તારમાં પાંચ મિત્રો રહેતા હતા—ચિરાગ, રવિ, કૌશલ, કૃણાલ અને રોહિત. પાંચેયની ઉંમર લગભગ સરખી હતી, પણ સ્વભાવ એકબીજાથી સાવ અલગ.ચિરાગ શાંત અને સમજદાર હતો. કોઈ મુશ્કેલી...

Read Free

द्वितिय महायुद्ध - भाग 14 By Siddhesh Chaudhari

मार्च १९३८ मध्ये रक्ताचा एकही थेंब न सांडता हिटलरने ऑस्ट्रियावर कब्जा मिळवला होता. या यशाने हिटलरला खात्री पटली होती की, ब्रिटन आणि फ्रान्स हे केवळ कागदी वाघ आहेत. ते युद्धाला इतके...

Read Free

मेरी जिंदगी का सफर 5 By Ankit Khatri

YouTube का सपना हर इंसान के अंदर कोई न कोई ऐसा सपना जरूर होता है, जिसे वह दुनिया से ज्यादा खुद के लिए देखता है।मेरा भी एक सपना था।कुछ अपना करने का।कुछ ऐसा, जिसमें मेरी अपनी पहचान ह...

Read Free

મારો માધવ By ચિરાગ રાણપરીયા

મારા માધવ એટલે ભગવાન શ્રીકૃષ્ણ.મારા માટે માધવ માત્ર એક ભગવાનનું નામ નથી, પરંતુ જીવનને સમજવાનો એક સુંદર માર્ગ છે. જ્યારે જીવનમાં સુખ આવે ત્યારે જે સ્મિત સાથે સ્વીકારવાનું શીખવે, દુઃ...

Read Free

બારીમાં આખું આકાશ By khush parmar

            સાંજનો સમય થયો હતો.ઘરની બારી પાસે બેસી હું પુસ્તક વાંચી રહી હતી. આકાશ માં વાદળાં ફેલાય રહ્યા હતા. રસ્તામાં છોકરાઓ રમી રહ્યા હતા.વાહનો નો અવાજ કાનમાં ખૂબ જ અસર કરતો હતો....

Read Free

प्यार की साज़िश By Bihari Lal Chouhan

प्यार की जोखिमएक रोमांटिक-सस्पेंस फिल्म की कहानीशैली: Romance | Suspense | Drama | Action | Emotionअनुमानित अवधि: लगभग 60 मिनटमुख्य पात्र:आरव — 29 वर्ष, तेज-तर्रार, ईमानदार लेकिन ज...

Read Free

कथनी और करनी By Vandna Sharma

कहानी - कथनी और करनीरोहित बहुत ही धार्मिक व्यक्ति था। सबकी सहायता के लिए हमेशा तैयार रहता। मोहल्ले में उसकी गिनती एक अच्छे बेटे और अच्छे भाई के रूप में होती थी, पर वह एक अच्छा पति...

Read Free

सच By Rajeev kumar

  सच सच जानना था, सो चुपचाप हो गया। पता है, चुप होकर किसी के अन्दर से सच निकालने की कल्पना भी नहीं की जा सकती है। दरअसल ऐसी आग लगा दी थी, साँप-छुछुंदर वाला हाल हो गया था, न निगलते...

Read Free

माटी से मुकाम तक By Bihari Lal Chouhan

माटी से मुकाम तकबिहारी और सुमति की प्रेम कहानीबरगवां गांव की कच्ची गलियों में पला-बढ़ा बिहारी चौहान गरीब जरूर था, लेकिन उसके सपने बहुत बड़े थे। संयुक्त परिवार की जिम्मेदारियां, पित...

Read Free

पूर्णिमा का नशा By Manoj yadav

वो पूर्णिमा की रात थी। चाँद कुछ ज़्यादा ही पास लग रहा था। आसमान भी बिल्कुल साफ़ था—जैसे किसी ने उसको धोकर रख दिया हो। मैं बालकनी में बैठा था न जाने कितनी देर से। उसकी "हाँ"...

Read Free

मेहनत By Rajeev kumar

  घर वापसी का तो मन बना ही लिया था। अब तो जाना लगभग तय ही था। काम भी नहीं और रूपया भी खत्म।बिना रूपया का तो एक दिन भी गुजारा करना संभव है। यह बात तो कई लोगों ने समझायी थी।पिता ने भ...

Read Free

जल-समाधि By Virendra Dewangan

‘‘ओय अम्मा...ओय काकी...ओय दीदी...ओय मामी...! जरा घूंघट तो उठाओ!! कैमरे में आपलोगों का चेहरा सही से नहीं आ रहा है। कैमरे में चेहरा नहीं आएगा, तो तुम्हें कौन पहचानेगा? तुम्हारा दर्द...

Read Free

बरबस By Deepak sharma

                  इस बीती का पूर्वापर संबंध हम बहन- भाई के बचपन से है।                बीती को ट...

Read Free

दो शहर एक सपना By Bihari Lal Chouhan

दो शहर एक सपनारायगढ़ की लाल मिट्टी से निकला था रघु। उसके हाथों में फावड़ा था और आँखों में एक सपना - अपना एक पक्का मकान। रायगढ़ में काम था पर पैसा कम। किसी ने बताया - "मंदसौर चला जा...

Read Free

मन मोकळं करू...... का? By mimi

एक पाहिलेला मनाला हरपून टाकणारा प्रसंग .

Read Free

सादगी By Rajeev kumar

    उसको ऐसा लगा था कि बात बहुत लम्बी चलेगी, दुर तक जाएगी, अपना ज्ञान बघारूंगा, इधर-उधर की कुछ बातें करूंगा। सच और झुठ मिश्रीत बातों का प्रयोग करके , इसकी बोलती बंद रखुंगा और सामने...

Read Free

सजा.....बिना कसूर की - 13 By Soni shakya

बहन जी मुझे क्या एतराज है पर आपको यह सब पहले बता देना चाहिए था ??और फिर भूमि को स्वीकार करने का निर्णय तो आकाश का है इसमें हम क्या कर सकते हैं ??सरल बोली --मै आपकी बात समझती  हूं ब...

Read Free

बचपन By Rajeev kumar

रंग-बिरंगी तीतलियों ने दिवाना बना रखा था। मनमोहक रंगों की आकर्षक तीतलियों के पीछे बच्चे पागल हुए जा रहे थे। बच्चे तो बच्चे हैं, इतनी सारी तीतलियों के पीछे न लग कर एक ही तीतली के पी...

Read Free

બહેનનો પડછાયો અને કલમનો રંગ By Dhamak

બહેનનો પડછાયો અને કલમનો રંગબે બહેનોના ઘરમાં હંમેશાં કાગળ, કલમ અને રંગોનો વાસ હતો, છતાં બંનેનું નાનપણ સાવ અલગ દુનિયામાં વીત્યું. મોટી બહેન નાનીથી આઠ વર્ષ મોટી. તે નાનપણથી જ ગામડે તે...

Read Free

అవ్వ – పావురాల కథ By Swetha akula

ఒక ఊరిలో రంగమ్మ అనే అవ్వ ఉండేది. ఆ అవ్వకి నా అనుకునే వాళ్ళు ఎవరూ లేరు. ఉన్న చుట్టాలందరూ చాలా దూర ప్రాంతాల్లో ఉండేవారు. ఆ అవ్వ ఆ ఊరిలో పొలం పని చేస్తూ వచ్చే కూలీ డబ్బులతో ఇల్లు గడిప...

Read Free

वजहें By Virendra Dewangan

किसी जमाने में गांवों में समाचार या गाना सुनने का एकमेव माध्यम रेडियो या ट्रांजिस्टर हुआ करता था। जो लोग संपन्न व शौकीन थे, वे अपनें मनोरंजन, समययापन और शान के लिए इसे रखा करते थे।...

Read Free

20 Micros - 5 By Dr Atmin D Limbachiya

The Midnight Visitor Bengaluru never really slept. Even after midnight, the city breathed in its own strange rhythm—the distant hum of traffic, the occasional horn from a passing v...

Read Free

The Last voice Note By Sathya Jayaram

11:11 — The Last Voice NoteAt exactly 11:11 every night, Maya received a voice note.It was always from the same number.There was never a name.Just a ten-second recording.“Good nigh...

Read Free

पितृ दोष By Vandna Sharma

बाबू राम किसी गाँव में एक प्राइमरी स्कूल के अध्यापक थे। उनका एक बेटा था मोहन। मोहन अपनी बीवी के साथ शहर में किराए पर रहता था। बाबूराम का गाँव में बड़ा सा घर था। उसने अपने बेटे-बहू...

Read Free

कमरा नंबर 17 By Bittu Jain

रात के ठीक बारह बजे अनन्या के फोन पर एक अनजान नंबर से मैसेज आया।कमरा नंबर 17 मत खोलना।अनन्या ने मैसेज पढ़ा और फोन एक तरफ रख दिया।उसे लगा किसी ने मजाक किया है।वह जिस पुराने हॉस्टल म...

Read Free

રાખમાંથી ઊગેલું આકાશ By Radhi patel

“તું કંઈ કરી શકતી નથી, નિશા.” આ શબ્દો નિશાના કાનમાં નહીં, સીધા હૃદયમાં પડ્યા હતા. લગ્નને સાત વર્ષ થયા હતા. એક સમયે તે શહેરની શ્રેષ્ઠ ડિઝાઇનર બનવાનું સપનું જોતી હતી. પરંતુ લગ્ન પછી...

Read Free

गाँव का लगाव By Deepak Kumar Tiwari Deeptansh

शहर की भागदौड़ से दूर, अमित पूरे पंद्रह साल बाद अपने पुश्तैनी गाँव लौटा था। गांव के पगडंडी पर चलते-चलते उसको बचपन की यादें आने लगी उसका बचपन इसी गांव में बीता था। उसके पिता जी के ग...

Read Free

दूध बताशा राजा खाए By Deepak sharma

  समर वेकेशन के बाद हमारा कालेज जब खुला तो हमारे मनोविज्ञान विभाग में एक बड़ा सरप्राइज़ हमारी प्रतीक्षा में था। 38- वर्षीया हमारी विभागाध्यक्षा का मेक-ओवर। एकदम नए स्टाइल में...

Read Free

અતીતનો પડછાયો: મનનો અરીસો By shifa

સમય અને મન વચ્ચેની એક અદભુત અને વણકહેલી જાળી પર રચાયેલી આ બિલકુલ મૌલિક રહસ્યમય વાર્તા છે, જે કદાચ આજે ક્યાંય વાંચવા નહીં મળે.અતીતનો પડછાયો: મનનો અરીસોશહેરી કોલાહલથી દૂર, એક શાંત પહ...

Read Free

भिकारी ( भाग 3) By suchitra gaikwad Sadawarte

सुहा, जुई आणि इतर दोघी काही वेळातच मंदिरामध्ये प्रवेश करतात . सुहा सगळ्यांना एकदा एकत्र करून सांगते ,"आपण इथे का आलो आहोत किंवा आपण इथे का थांबलो आहोत ? हे फक्त आपल्यामध्येच राहणार...

Read Free

अरविन्द बाबू By Prafulla Kumar Tripathi

हमलोगों के आदि पुरखा पं.देवदत्त राम त्रिपाठी थे।उनके पांच पुत्र हुए-पं.विशेषर राम,शंकर राम,चंदर राम,चतुर्भुज राम और राजाराम त्रिपाठी।विशेषर राम,चतुर्भुज राम और राजाराम की आगे की वं...

Read Free

माझे जीवन माझ्या नजरेतून By Deepa shimpi

माझे जीवन — माझ्या नजरेतून आयुष्य म्हणजे नेहमी आपल्या मनासारखे घडणारे सुंदर स्वप्न नाही; ते सुख-दुःख, आशा-निराशा, आपलेपणा आणि परकेपणा यांच्यातून पुढे जाणारा एक प्रदीर्घ प्रवास आहे....

Read Free

मृत्यु के बाद की यात्रा एक आत्मा की अनजानी दुनिया की ओर यात्रा By Aloka Patel

मृत्यु…यह शब्द सुनते ही इंसान के मन में एक अनजाना डर पैदा हो जाता है।मृत्यु के बाद क्या होता है?क्या सब कुछ समाप्त हो जाता है?क्या आत्मा सचमुच शरीर छोड़कर कहीं जाती है?क्या हम फिर...

Read Free

एक पुरुष—सबके बीच अकेला - 4 By Aloka Patel

भाग ४ — पत्नी की शिकायतेंरात को हर्ष का मैसेज पढ़ने के बाद भी मिहिर को नींद नहीं आई।निशा उसके बगल में सो रही थी।मिहिर छत की ओर देख रहा था।पिछले कुछ दिनों में बहुत कुछ बदल गया था।पा...

Read Free

The Diary Of Pankaj - Hindi Edition By Pankaj Modak

The Diary Of Pankaj Hindi EditionBy Pankaj Modak Published By TDOP Publisher, 2026.Copyright Page:- While every precaution has been taken in the preparation of this book, the publi...

Read Free

ताटातील विश्वासघात By Mayuresh Patki

शाळेच्या दुपारच्या सुट्टीत हातात ताट घेऊन उभे असलेले मूल जेव्हा गरम जेवणाची वाट पाहत असते, तेव्हा ते फक्त भूक भागवण्यासाठी रांगेत उभे नसते. त्या ताटात त्याच्या शरीराची वाढ, मेंदूचा...

Read Free

The Diary Of Pankaj - English Edition By Pankaj Modak

The Diary Of PankajBy Pankaj Modak Published By TDOP Publisher, 2026.Copyright Page:-While every precaution has been taken in the preparation of this book, the publisher assumes no...

Read Free

શક - સંબંધને અંદરથી ખોખલો કરતી ઉધઈ By Anuradha

શક — સંબંધને અંદરથી ખોખલો કરતી ઉધઈશક પણ એક ઉધઈ જેવો હોય છે…દેખાતો નથી, અવાજ કરતો નથી,પણ ધીમે ધીમે સંબંધને અંદરથી ખાઈ જાય છે.ક્યારેક જીવનમાં એવી વ્યક્તિ મળે છે, જે આપણને માત્ર પ્રેમ...

Read Free

અંતહીન શાંતિની શોધ: રાજકુમારી અને યોગેશ્વરનો સંવાદ By Sicret super Star

પ્રકરણ ૧: નવી શાંતિ અને નવો સંશયમહારાજ વિક્રમસેનની પુત્રી, રાજકુમારી દેવાંશીના જીવનમાં લાંબા સમય પછી એક એવી સવાર આવી હતી જે ચિંતામુક્ત હતી. તેના જીવનના વમળો, રાજકીય કટોકટીઓ અને અંગ...

Read Free

പണിക്കരു സാറും ചൂരലും പിന്നെ ഞാനും By aNil Madhavan

പണിക്കരു സാറും ചൂരലും പിന്നെ ഞാനുംഅഞ്ചാം ക്ലാസ്സിൽ ചേരുന്നത് ഒരു പുതിയ സ്കൂളിലാണ്. പുതിയ സ്കൂൾ പുതിയ കൂട്ടുകാർ.  അച്ഛന്റെ കുടുംബം വക ആയിരുന്നു ആ സ്‌കൂളിരിക്കുന്ന സ്ഥലവും അതിനോട് ചേ...

Read Free

ભાઈબંધ By ચિરાગ રાણપરીયા

શહેરના એક નાનકડા વિસ્તારમાં પાંચ મિત્રો રહેતા હતા—ચિરાગ, રવિ, કૌશલ, કૃણાલ અને રોહિત. પાંચેયની ઉંમર લગભગ સરખી હતી, પણ સ્વભાવ એકબીજાથી સાવ અલગ.ચિરાગ શાંત અને સમજદાર હતો. કોઈ મુશ્કેલી...

Read Free

द्वितिय महायुद्ध - भाग 14 By Siddhesh Chaudhari

मार्च १९३८ मध्ये रक्ताचा एकही थेंब न सांडता हिटलरने ऑस्ट्रियावर कब्जा मिळवला होता. या यशाने हिटलरला खात्री पटली होती की, ब्रिटन आणि फ्रान्स हे केवळ कागदी वाघ आहेत. ते युद्धाला इतके...

Read Free

मेरी जिंदगी का सफर 5 By Ankit Khatri

YouTube का सपना हर इंसान के अंदर कोई न कोई ऐसा सपना जरूर होता है, जिसे वह दुनिया से ज्यादा खुद के लिए देखता है।मेरा भी एक सपना था।कुछ अपना करने का।कुछ ऐसा, जिसमें मेरी अपनी पहचान ह...

Read Free

મારો માધવ By ચિરાગ રાણપરીયા

મારા માધવ એટલે ભગવાન શ્રીકૃષ્ણ.મારા માટે માધવ માત્ર એક ભગવાનનું નામ નથી, પરંતુ જીવનને સમજવાનો એક સુંદર માર્ગ છે. જ્યારે જીવનમાં સુખ આવે ત્યારે જે સ્મિત સાથે સ્વીકારવાનું શીખવે, દુઃ...

Read Free

બારીમાં આખું આકાશ By khush parmar

            સાંજનો સમય થયો હતો.ઘરની બારી પાસે બેસી હું પુસ્તક વાંચી રહી હતી. આકાશ માં વાદળાં ફેલાય રહ્યા હતા. રસ્તામાં છોકરાઓ રમી રહ્યા હતા.વાહનો નો અવાજ કાનમાં ખૂબ જ અસર કરતો હતો....

Read Free

प्यार की साज़िश By Bihari Lal Chouhan

प्यार की जोखिमएक रोमांटिक-सस्पेंस फिल्म की कहानीशैली: Romance | Suspense | Drama | Action | Emotionअनुमानित अवधि: लगभग 60 मिनटमुख्य पात्र:आरव — 29 वर्ष, तेज-तर्रार, ईमानदार लेकिन ज...

Read Free

कथनी और करनी By Vandna Sharma

कहानी - कथनी और करनीरोहित बहुत ही धार्मिक व्यक्ति था। सबकी सहायता के लिए हमेशा तैयार रहता। मोहल्ले में उसकी गिनती एक अच्छे बेटे और अच्छे भाई के रूप में होती थी, पर वह एक अच्छा पति...

Read Free

सच By Rajeev kumar

  सच सच जानना था, सो चुपचाप हो गया। पता है, चुप होकर किसी के अन्दर से सच निकालने की कल्पना भी नहीं की जा सकती है। दरअसल ऐसी आग लगा दी थी, साँप-छुछुंदर वाला हाल हो गया था, न निगलते...

Read Free

माटी से मुकाम तक By Bihari Lal Chouhan

माटी से मुकाम तकबिहारी और सुमति की प्रेम कहानीबरगवां गांव की कच्ची गलियों में पला-बढ़ा बिहारी चौहान गरीब जरूर था, लेकिन उसके सपने बहुत बड़े थे। संयुक्त परिवार की जिम्मेदारियां, पित...

Read Free

पूर्णिमा का नशा By Manoj yadav

वो पूर्णिमा की रात थी। चाँद कुछ ज़्यादा ही पास लग रहा था। आसमान भी बिल्कुल साफ़ था—जैसे किसी ने उसको धोकर रख दिया हो। मैं बालकनी में बैठा था न जाने कितनी देर से। उसकी "हाँ"...

Read Free

मेहनत By Rajeev kumar

  घर वापसी का तो मन बना ही लिया था। अब तो जाना लगभग तय ही था। काम भी नहीं और रूपया भी खत्म।बिना रूपया का तो एक दिन भी गुजारा करना संभव है। यह बात तो कई लोगों ने समझायी थी।पिता ने भ...

Read Free

जल-समाधि By Virendra Dewangan

‘‘ओय अम्मा...ओय काकी...ओय दीदी...ओय मामी...! जरा घूंघट तो उठाओ!! कैमरे में आपलोगों का चेहरा सही से नहीं आ रहा है। कैमरे में चेहरा नहीं आएगा, तो तुम्हें कौन पहचानेगा? तुम्हारा दर्द...

Read Free

बरबस By Deepak sharma

                  इस बीती का पूर्वापर संबंध हम बहन- भाई के बचपन से है।                बीती को ट...

Read Free

दो शहर एक सपना By Bihari Lal Chouhan

दो शहर एक सपनारायगढ़ की लाल मिट्टी से निकला था रघु। उसके हाथों में फावड़ा था और आँखों में एक सपना - अपना एक पक्का मकान। रायगढ़ में काम था पर पैसा कम। किसी ने बताया - "मंदसौर चला जा...

Read Free

मन मोकळं करू...... का? By mimi

एक पाहिलेला मनाला हरपून टाकणारा प्रसंग .

Read Free

सादगी By Rajeev kumar

    उसको ऐसा लगा था कि बात बहुत लम्बी चलेगी, दुर तक जाएगी, अपना ज्ञान बघारूंगा, इधर-उधर की कुछ बातें करूंगा। सच और झुठ मिश्रीत बातों का प्रयोग करके , इसकी बोलती बंद रखुंगा और सामने...

Read Free

सजा.....बिना कसूर की - 13 By Soni shakya

बहन जी मुझे क्या एतराज है पर आपको यह सब पहले बता देना चाहिए था ??और फिर भूमि को स्वीकार करने का निर्णय तो आकाश का है इसमें हम क्या कर सकते हैं ??सरल बोली --मै आपकी बात समझती  हूं ब...

Read Free

बचपन By Rajeev kumar

रंग-बिरंगी तीतलियों ने दिवाना बना रखा था। मनमोहक रंगों की आकर्षक तीतलियों के पीछे बच्चे पागल हुए जा रहे थे। बच्चे तो बच्चे हैं, इतनी सारी तीतलियों के पीछे न लग कर एक ही तीतली के पी...

Read Free

બહેનનો પડછાયો અને કલમનો રંગ By Dhamak

બહેનનો પડછાયો અને કલમનો રંગબે બહેનોના ઘરમાં હંમેશાં કાગળ, કલમ અને રંગોનો વાસ હતો, છતાં બંનેનું નાનપણ સાવ અલગ દુનિયામાં વીત્યું. મોટી બહેન નાનીથી આઠ વર્ષ મોટી. તે નાનપણથી જ ગામડે તે...

Read Free

అవ్వ – పావురాల కథ By Swetha akula

ఒక ఊరిలో రంగమ్మ అనే అవ్వ ఉండేది. ఆ అవ్వకి నా అనుకునే వాళ్ళు ఎవరూ లేరు. ఉన్న చుట్టాలందరూ చాలా దూర ప్రాంతాల్లో ఉండేవారు. ఆ అవ్వ ఆ ఊరిలో పొలం పని చేస్తూ వచ్చే కూలీ డబ్బులతో ఇల్లు గడిప...

Read Free

वजहें By Virendra Dewangan

किसी जमाने में गांवों में समाचार या गाना सुनने का एकमेव माध्यम रेडियो या ट्रांजिस्टर हुआ करता था। जो लोग संपन्न व शौकीन थे, वे अपनें मनोरंजन, समययापन और शान के लिए इसे रखा करते थे।...

Read Free

20 Micros - 5 By Dr Atmin D Limbachiya

The Midnight Visitor Bengaluru never really slept. Even after midnight, the city breathed in its own strange rhythm—the distant hum of traffic, the occasional horn from a passing v...

Read Free

The Last voice Note By Sathya Jayaram

11:11 — The Last Voice NoteAt exactly 11:11 every night, Maya received a voice note.It was always from the same number.There was never a name.Just a ten-second recording.“Good nigh...

Read Free

पितृ दोष By Vandna Sharma

बाबू राम किसी गाँव में एक प्राइमरी स्कूल के अध्यापक थे। उनका एक बेटा था मोहन। मोहन अपनी बीवी के साथ शहर में किराए पर रहता था। बाबूराम का गाँव में बड़ा सा घर था। उसने अपने बेटे-बहू...

Read Free

कमरा नंबर 17 By Bittu Jain

रात के ठीक बारह बजे अनन्या के फोन पर एक अनजान नंबर से मैसेज आया।कमरा नंबर 17 मत खोलना।अनन्या ने मैसेज पढ़ा और फोन एक तरफ रख दिया।उसे लगा किसी ने मजाक किया है।वह जिस पुराने हॉस्टल म...

Read Free

રાખમાંથી ઊગેલું આકાશ By Radhi patel

“તું કંઈ કરી શકતી નથી, નિશા.” આ શબ્દો નિશાના કાનમાં નહીં, સીધા હૃદયમાં પડ્યા હતા. લગ્નને સાત વર્ષ થયા હતા. એક સમયે તે શહેરની શ્રેષ્ઠ ડિઝાઇનર બનવાનું સપનું જોતી હતી. પરંતુ લગ્ન પછી...

Read Free

गाँव का लगाव By Deepak Kumar Tiwari Deeptansh

शहर की भागदौड़ से दूर, अमित पूरे पंद्रह साल बाद अपने पुश्तैनी गाँव लौटा था। गांव के पगडंडी पर चलते-चलते उसको बचपन की यादें आने लगी उसका बचपन इसी गांव में बीता था। उसके पिता जी के ग...

Read Free

दूध बताशा राजा खाए By Deepak sharma

  समर वेकेशन के बाद हमारा कालेज जब खुला तो हमारे मनोविज्ञान विभाग में एक बड़ा सरप्राइज़ हमारी प्रतीक्षा में था। 38- वर्षीया हमारी विभागाध्यक्षा का मेक-ओवर। एकदम नए स्टाइल में...

Read Free

અતીતનો પડછાયો: મનનો અરીસો By shifa

સમય અને મન વચ્ચેની એક અદભુત અને વણકહેલી જાળી પર રચાયેલી આ બિલકુલ મૌલિક રહસ્યમય વાર્તા છે, જે કદાચ આજે ક્યાંય વાંચવા નહીં મળે.અતીતનો પડછાયો: મનનો અરીસોશહેરી કોલાહલથી દૂર, એક શાંત પહ...

Read Free

भिकारी ( भाग 3) By suchitra gaikwad Sadawarte

सुहा, जुई आणि इतर दोघी काही वेळातच मंदिरामध्ये प्रवेश करतात . सुहा सगळ्यांना एकदा एकत्र करून सांगते ,"आपण इथे का आलो आहोत किंवा आपण इथे का थांबलो आहोत ? हे फक्त आपल्यामध्येच राहणार...

Read Free

अरविन्द बाबू By Prafulla Kumar Tripathi

हमलोगों के आदि पुरखा पं.देवदत्त राम त्रिपाठी थे।उनके पांच पुत्र हुए-पं.विशेषर राम,शंकर राम,चंदर राम,चतुर्भुज राम और राजाराम त्रिपाठी।विशेषर राम,चतुर्भुज राम और राजाराम की आगे की वं...

Read Free

माझे जीवन माझ्या नजरेतून By Deepa shimpi

माझे जीवन — माझ्या नजरेतून आयुष्य म्हणजे नेहमी आपल्या मनासारखे घडणारे सुंदर स्वप्न नाही; ते सुख-दुःख, आशा-निराशा, आपलेपणा आणि परकेपणा यांच्यातून पुढे जाणारा एक प्रदीर्घ प्रवास आहे....

Read Free

मृत्यु के बाद की यात्रा एक आत्मा की अनजानी दुनिया की ओर यात्रा By Aloka Patel

मृत्यु…यह शब्द सुनते ही इंसान के मन में एक अनजाना डर पैदा हो जाता है।मृत्यु के बाद क्या होता है?क्या सब कुछ समाप्त हो जाता है?क्या आत्मा सचमुच शरीर छोड़कर कहीं जाती है?क्या हम फिर...

Read Free

एक पुरुष—सबके बीच अकेला - 4 By Aloka Patel

भाग ४ — पत्नी की शिकायतेंरात को हर्ष का मैसेज पढ़ने के बाद भी मिहिर को नींद नहीं आई।निशा उसके बगल में सो रही थी।मिहिर छत की ओर देख रहा था।पिछले कुछ दिनों में बहुत कुछ बदल गया था।पा...

Read Free

The Diary Of Pankaj - Hindi Edition By Pankaj Modak

The Diary Of Pankaj Hindi EditionBy Pankaj Modak Published By TDOP Publisher, 2026.Copyright Page:- While every precaution has been taken in the preparation of this book, the publi...

Read Free

ताटातील विश्वासघात By Mayuresh Patki

शाळेच्या दुपारच्या सुट्टीत हातात ताट घेऊन उभे असलेले मूल जेव्हा गरम जेवणाची वाट पाहत असते, तेव्हा ते फक्त भूक भागवण्यासाठी रांगेत उभे नसते. त्या ताटात त्याच्या शरीराची वाढ, मेंदूचा...

Read Free

The Diary Of Pankaj - English Edition By Pankaj Modak

The Diary Of PankajBy Pankaj Modak Published By TDOP Publisher, 2026.Copyright Page:-While every precaution has been taken in the preparation of this book, the publisher assumes no...

Read Free