Puzzle (A Quest) - 15 - Clues in Hindi Thriller by Devaki Singh books and stories PDF | प्रहेलिका (एक तलाश ) - 15 - सुराग

Featured Books
Categories
Share

प्रहेलिका (एक तलाश ) - 15 - सुराग

💖💖15 तहकीकात में अहम सुराग का मिलना 

ऐसा सोचकर वह इन्वेस्टिगेशन ऑफीसर से अपना ध्यान हटा कर रेल्वे ट्रैक की तरफ बढ़ जाता है और वहां आसपास सुराग ढूंढने की कोशिश करता हैं l 
उसे वहां पर कुछ सेम्पल मिलते हैं जिन्हें वह कलेक्ट कर लेता है l

सेम्पल एकत्र करने के बाद वह पास में खड़े पुलिसकर्मी के पास पहुंचता है और इन्वेस्टिगेशन ऑफीसर के बारे में पूछता है l

वह पुलिसकर्मी सामने की ओर इशारा करते हुए कहता है , " आप उस तरफ चले जाइए वहीं पर आपको ऑफिसर विनायक मिल जायेंगे l 

गंभीर, " ओके धन्यवाद " 

पुलिसकर्मी के बताए दिशा की ओर जाते हुए उसे एक जगह क्राइम स्पॉट पर जुते के निशान दिखाई देते हैं जिसकी फोटो वह क्लिक करता हैं और फिर जुते के निशान का अनुसरण करते हुए उस दिशा में आगे बढ़ जाता है l वह निशान उसे रेल्वे ट्रैक की ओर ले जाते है l वहां पर उसे ब्लड स्टेन दिखाई देते हैं जिन्हें वह सावधानी पूर्वक कलेक्ट करता हैं और फिर बारीकी से वहाँ के आसपास की जगह की छानबीन करता हैं और सोचता हैं , मुझे रेल्वे ट्रैक के दूसरी ओर झाड़ियों की तरफ जाना चाहिए शायद वहाँ मुझे कोई अहम सुराग मिल जाये l 

वह झाड़ियों की ओर बढ़ने से पहले सोचता है इन्वेस्टिगेशन ऑफिसर को भी साथ में ले लेता हूँ....फिर अगले ही पल सोचता है , छोड़ो उसे ... बाद मे मिल कर उससे बात कर लूँगा l

यह सब सोचकर वह अकेले ही झाड़ियों की तरफ बढ़ जाता है और कुछ सुराग ढूंढने की कोशिश करता हैं पर झाड़ियों के आसपास उसे खास कुछ नहीं मिलता है लेकिन वह एक बात नोटिस करता हैं रेल्वे ट्रैक हाइवे से बिल्कुल पास है और इस वक़्त हाईवे पर काफी गाड़ियां चल रही हैं l 

वह कुछ सोचते हुए, रेल्वे ट्रैक और हाईवे के किनारे वाले रास्ते की ओर बढ़ जाता है, उस कच्चे रास्ते पर उसे किसी गाड़ी के टायर्स के निशान दिखाई देते हैं , जिन्हें देखकर उसे लगता है शायद यह खूनी के गाड़ी के टायर्स के निशान हो सकते हैं इसलिए वह उन टायर्स के निशान की फोटो क्लिक करता हैं , वह वहां आसपास और भी खोजबीन करता हैं पर उसे वहां गाड़ी के टायर्स के निशान के अलावा कुछ नहीं मिलता है जिसके बाद वह वापस क्राइम स्पॉट की तरफ आ जाता है l 

क्राइम स्पॉट पर आकर वह उस जगह पहुंचता है जहाँ पर डेड बॉडी रखी थी l वह डेड बॉडी को देखने का मन बनाता है l वह जैसे ही डेड बॉडी को देखने के लिए कवर हटाता है तभी पीछे से, " हे तुम कौन हो ! और यहाँ क्या कर रहे हो ?"

 गंभीर, " मैं एफबीआई एजेंट गंभीर , इस केस के सिलसिले में इन्वेस्टिगेशन ऑफीसर विनायक से मिलना चाहता हूँ l

ऑफिसर, " मैं ही हूँ इन्वेस्टिगेशन ऑफिसर विनायक l"

एजेंट गंभीर, " आप से मिलकर खुशी हुई , बोलकर उससे हाथ मिलाता हैं l" 
और अपनी आई डी दिखाते हुए बोलता है , " मैं एफबीआई से एजेंट गंभीर मुझे ऑर्डर मिला है आपके साथ मिलकर इस "ओरिगामी सीरिअल किलर मर्डर " केस को सॉल्व करने की , उम्मीद है आप मेरी इस केस की जांच पड़ताल और सॉल्व करने में मेरा सहयोग करेंगे l

इन्वेस्टिगेशन ऑफिसर विनायक , " जी जरूर " वह उसे केस के बारे में बताते हुए कहता है कि , "सुबह 6 बजे कोई आदमी अपने डॉग के साथ मॉर्निंग वाल्क पर आया था उसी ने सबसे पहले डेड बॉडी देखी और पुलिस को कॉल किया l "

"इस कत्ल को देखने के बाद और अब तक मिले सबूतों के अनुसार यह मर्डर भी देखने में और मर्डर की तरह लग रहा है इसे देखकर साफ़ तौर पर कहा जा सकता हैं की यह कत्ल भी ओरिगामी किलर ने ही किया हैं l

बच्चे की उम्र 13 साल हैं l पहले उसे किडनैप किया और बाद में उसे मार दिया l इस बच्चे के किडनैप होने की रिपोर्ट पहले से पुलिस रिकॉर्ड में दर्ज हैं l

एजेंट गंभीर, " शुक्रिया ऑफिसर, मैं भी अपने तरीके से कुछ छानबीन करना चाहता हूँ l

इन्वेस्टिगेशन ऑफिसर विनायक , " ठीक हैं तो आप अपनी छानबीन कीजिए और कुछ पता लगे तो हमें भी बताना क्योंकि हम सब एक टीम हैं, बोलकर वह चला जाता है l"

उसके जाने के बाद गंभीर अपनी छानबीन में लग जाता है l वह डेड बॉडी की शिनाख्त करता हैं इस वक़्त वह अपने स्पेशल चश्मे पहनता हैं और बारीकी से डेड बॉडी की शिनाख्त करता हैं, उसे डेड बॉडी के सीधे हाथ पर घाव के निशान दिखाई देते हैं l उस घाव के निशान के पास से ब्लड सेम्पल लेता है और उसे रेल्वे ट्रैक पर मिले ब्लड सेम्पल से मैच करता हैं, वह पाता है दोनों ही ब्लड सेम्पल आपस में मेल खाता है l 

डेड बॉडी के सीने पर एक व्हाइट ऑरचिड रखा हुआ था वह सोचता है हो सकता है किलर को व्हाइट ऑरचिड बहुत पसंद हो l 

डेड बॉडी के सीधे हाथ की उंगलियों में ओरिगामी फंसा था जिसे देखकर साफ़ पता चल रहा था वह उसके मरने के बाद उसके हाथों में फंसाया गया था l 

जानने के लिए पढ़ते रहिए ...
" प्रहेलिका (एक तलाश) "